Published on May 07, 2026
बिहार के Banka जिले में राशन कार्ड सत्यापन अभियान के तहत बड़ी कार्रवाई शुरू हो चुकी है। खाद्य एवं आपूर्ति विभाग द्वारा अपात्र लाभार्थियों की पहचान के बाद हजारों परिवारों के नाम राशन कार्ड सूची से हटाए जा रहे हैं। प्रशासन का कहना है कि यह अभियान सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS) को पारदर्शी और सही लाभार्थियों तक सीमित करने के लिए चलाया जा रहा है।
विभागीय जांच के दौरान बांका जिले में करीब 1 लाख 41 हजार 782 राशन कार्डधारियों को संदिग्ध सूची में शामिल किया गया था। इसके बाद अनुमंडल स्तर पर इन सभी लाभार्थियों का सत्यापन शुरू किया गया।
=> जांच के दौरान:
प्रशासनिक जानकारी के अनुसार:
=> अब तक लगभग 34 हजार लाभार्थियों के नाम राशन कार्ड सूची से हटाए जा चुके हैं
=> आने वाले दिनों में करीब 35 हजार और परिवारों के नाम काटे जाएंगे
=> यह कार्रवाई लगातार जारी है और सत्यापन पूरा होने के बाद सूची को और अपडेट किया जाएगा।
Public Distribution System के तहत मिलने वाले सरकारी राशन का लाभ केवल पात्र लोगों तक पहुंचे, इसके लिए विभाग जांच अभियान चला रहा है।
=> जांच में ऐसे लोग सामने आए:
=> ऐसे लाभार्थियों को अब अपात्र मानकर सूची से हटाया जा रहा है।
विभाग के अनुसार:
=> ग्रामीण क्षेत्रों में:
=> शहरी क्षेत्रों में:
=> इसके अलावा:
इन सभी को सूची से बाहर किया जा रहा है।
खाद्य एवं आपूर्ति विभाग ने साफ किया है कि किसी पात्र व्यक्ति का नाम गलती से नहीं हटाया जाएगा।
=> अगर किसी योग्य व्यक्ति का नाम संदिग्ध सूची में शामिल हो गया है, तो वह:
=> जांच पूरी होने के बाद ही अंतिम सूची जारी की जाएगी।
अधिकारियों के अनुसार इस अभियान का मुख्य उद्देश्य राशन वितरण प्रणाली को अधिक पारदर्शी बनाना है।
=> विभाग का कहना है कि:
=> अगर आप राशन कार्डधारी हैं, तो:
=> इससे भविष्य में नाम कटने जैसी परेशानी से बचा जा सकता है।
बिहार के बांका जिले में चल रहा राशन कार्ड सत्यापन अभियान आने वाले समय में और तेज हो सकता है। हजारों अपात्र लाभार्थियों के नाम हटने से अब सरकारी राशन का लाभ सही जरूरतमंद लोगों तक पहुंचने की उम्मीद बढ़ गई है।